प्रवीण वालिया-करनाल, India News (इंडिया न्यूज), MP Deepender Hooda : सांसद दीपेन्द्र हुड्डा ने आज करनाल में महान स्वतंत्रता सेनानी शहीद मदनलाल ढींगरा के बलिदान दिवस के अवसर पर उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उनकी शहादत को नमन किया। दीपेन्द्र हुड्डा ने कहा कि उनकी देशभक्ति और सर्वोच्च बलिदान से देश की भावी पीढ़ियों को हमेशा प्रेरणा मिलती रहेगी। उन्होंने कहा कि मदनलाल ढींगरा जैसे क्रांतिकारी वीरों की बदौलत ही देश को आज़ादी मिली है।
देश को आसानी से आज़ादी नहीं मिली थी, बल्कि हमारे देशवासियों ने इसके लिए अनगिनत कुर्बानियाँ दीं और अपनी जवानी अंग्रेजों की काल कोठरी में बिताई। उन्होंने कहा कि आज़ादी की अलख जगाने वाले क्रांतिकारी मदनलाल ढींगरा ने मात्र 25 वर्ष की उम्र में देश के लिए अपने प्राण न्योछावर कर दिए। महान स्वतंत्रता सेनानियों के बलिदान से मिली आज़ादी को बरकरार रखने के लिए युवा पीढ़ी को आगे आना होगा।
सांसद दीपेन्द्र हुड्डा ने प्रदेश में ध्वस्त हो चुकी कानून-व्यवस्था पर गंभीर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री अपराधियों को मिट्टी में मिलाने की बात करते हैं, लेकिन हकीकत यह है कि अपराधियों ने ही कानून-व्यवस्था को मिट्टी में मिला दिया है।
उन्होंने आरोप लगाया कि अपराधियों के सामने सरकार मजबूर दिखाई देती है। हरियाणा को मजबूर सरकार नहीं, बल्कि मजबूत सरकार की आवश्यकता है। वर्तमान सरकार की कार्यप्रणाली से ऐसा प्रतीत होता है मानो उसने अपराधियों के सामने समर्पण कर दिया हो। हुड्डा ने कहा कि पुलिस थानों में पीड़ितों को मदद मिलने के बजाय दुत्कार कर भगाने की खबरें आम हैं। अपराधी बेखौफ हैं और सरकार बेबस। प्रदेश अपराधियों की शरणस्थली बन चुका है और सरकार का इकबाल पूरी तरह खत्म हो चुका है।
दीपेन्द्र हुड्डा ने कहा कि वर्ष 2005 में जब कांग्रेस सरकार ने प्रदेश की कमान संभाली थी, तो केवल 2 महीने के भीतर चौ. भूपेन्द्र सिंह हुड्डा ने कानून-व्यवस्था को दुरुस्त कर दिया था। आज जनता को फिर वैसी ही सख्त सरकार की आवश्यकता है।
सांसद ने कहा कि हरियाणा में कानून-व्यवस्था पूरी तरह चौपट हो चुकी है और यह सरकार पूर्णतः विफल साबित हुई है। उन्होंने कहा कि प्रशासनिक अधिकारी भी मुख्यमंत्री को गंभीरता से नहीं ले रहे क्योंकि असली नियंत्रण कहीं और है।
उन्होंने खुलासा किया कि इसी साल फरवरी में 7 राज्यों के डीजीपी की बैठक में हरियाणा एसटीएफ ने जानकारी दी थी कि राज्य में 80 से अधिक संगठित आपराधिक गिरोह सक्रिय हैं। इनमें से कई गिरोहों के विदेशी संपर्क भी पाए गए हैं।
ये गिरोह कॉन्ट्रैक्ट किलिंग, ड्रग्स तस्करी, अवैध हथियारों का कारोबार, अपहरण, फिरौती, जबरन वसूली, जेलों से अपराध संचालन और ऑनलाइन अपराध जैसी खतरनाक गतिविधियों को बेरोकटोक अंजाम दे रहे हैं। कई गिरोह जेलों से ही गैंग चला रहे हैं, जिससे स्पष्ट है कि इन्हें सत्ता में बैठे लोगों का संरक्षण प्राप्त है। दीपेन्द्र हुड्डा ने कहा कि यह न केवल प्रदेश की ध्वस्त कानून-व्यवस्था के लिए चुनौती है बल्कि आंतरिक राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए भी गंभीर खतरा है।
इस अवसर पर पूर्व विधायक राकेश कंबोज, पूर्व विधायक भीमसेन मेहता, पूर्व विधायक धर्मपाल गोंदर, करनाल शहरी जिला कांग्रेस अध्यक्ष पराग गाबा, मनोज वाधवा, सुरेन्द्र नरवाल सहित अन्य कांग्रेसजन मौजूद रहे।
Washington (dpa) - A large review published in the medical journal The BMJ has found…
By Hanna Rantala LONDON, June 18 (Reuters) - "Supergirl" star Milly Alcock says the new…
Mumbai (Maharashtra) [India], June 18: Superb Maa Developers, one of the fastest-growing real estate developers…
Washington (dpa) - A new study, published in JAMA Network Open, suggests that women who…
Shri T. V. Narendran, President, AIMA and CEO & Managing Director, Tata Steel Limited, addresses…
New Delhi [India], June 17: Twin Win, a leading educational institution focused on nurturing communication,…