Categories: Health

vegetarian protein foods: शाकाहारियों की बल्ले-बल्ले! मसल बनाने के लिए अंडा-चिकन नहीं, ये 5 देसी फूड है बेस्ट

India News (इंडिया न्यूज), Best vegetarian protein sources: जब भी फिटनेस और मसल बिल्डिंग की बात होती है तो सबसे पहले अंडे और चिकन का नाम सामने आता है। यही वजह है कि बहुत से लोग मानते हैं कि मसल्स सिर्फ नॉनवेज डाइट से ही बन सकते हैं। लेकिन सच्चाई यह है कि भारतीय थाली में ऐसे कई देसी शाकाहारी फूड्स मौजूद हैं, जिनकी ताकत अंडा और चिकन से बिल्कुल कम नहीं। बल्कि, कई मामलों में ये बेहतर और हेल्दी विकल्प साबित होते हैं। अगर आप शाकाहारी हैं और सोचते हैं कि आपकी डाइट में प्रोटीन की कमी है, तो अब ये सोच बदलने का समय है। आइए जानते हैं उन शाकाहारी प्रोटीन सोर्सेज़ के बारे में, जो मसल ग्रोथ और बॉडी स्ट्रेंथ के लिए किसी “सुपरफूड” से कम नहीं।

Child Psychiatry: 3 वर्ष की आयु में नजर आने लगते हैं मनोरोग के लक्षण, शोध में हुए चौंकाने वाले खुलासे

पनीर

पनीर भारतीय डाइट का सबसे आसान और स्वादिष्ट प्रोटीन सोर्स है। इसमें कैसिइन प्रोटीन पाया जाता है, जो धीरे-धीरे पचता है। इसका फायदा यह होता है कि मसल्स को लंबे समय तक अमीनो एसिड्स मिलते रहते हैं और रिपेयर की प्रक्रिया लगातार चलती रहती है। पनीर को सब्जी, सलाद, सैंडविच या स्नैक – किसी भी रूप में शामिल किया जा सकता है।

चना और दाल

हमारी थाली में दाल और चना सदियों से जगह बनाए हुए हैं। इनमें प्रोटीन के साथ फाइबर, आयरन और मिनरल्स भी भरपूर होते हैं। दाल का सूप, स्प्राउटेड चना या चना सलाद – ये सभी मसल्स को मजबूती देने और बॉडी को एनर्जी देने में बेहद असरदार हैं। खास बात यह है कि ये बेहद किफायती भी हैं।

अनहेल्दी लाइफस्टाइल और फैटी लिवर में ‘क्लासिकल होम्योपैथी’ कारगर, डॉ जयश्री मलिक से जानें बीमारियों पर कैसे काम करती है होम्योपैथी दवा

ग्रीक योगर्ट

ग्रीक योगर्ट न सिर्फ प्रोटीन से भरपूर है बल्कि इसमें कैल्शियम और प्रोबायोटिक्स भी पाए जाते हैं। यह न केवल मसल बिल्डिंग में मदद करता है बल्कि हड्डियों को मजबूत करता है और गट हेल्थ सुधारता है। इसे ब्रेकफास्ट, स्मूदी या मिड-डे स्नैक के रूप में शामिल करना काफी फायदेमंद है।

ड्राई फ्रूट्स और सीड्स

बादाम, अखरोट, कद्दू के बीज, सूरजमुखी के बीज और चिया सीड्स – ये सब “मिनी प्रोटीन पावरहाउस” हैं। इनमें हेल्दी फैट्स और फाइबर भी होता है, जो मसल्स को रिकवर करने और एनर्जी लेवल बढ़ाने में मदद करते हैं। इन्हें स्नैक के रूप में या स्मूदी में मिलाकर आसानी से डाइट में शामिल किया जा सकता है।

दांतों और मसूड़े से जुड़ी समस्याएं बन सकती हैं कई गंभीर रोगों का कारण, उचित साफ सफाई जरूरी, जानें दांतों की बीमारी के कई कारण और कैसे करें बचाव

सोयाबीन

सोयाबीन को शाकाहारियों के लिए प्रोटीन का राजा माना जाता है। 100 ग्राम सोयाबीन में इतना प्रोटीन होता है जितना कई नॉनवेज सोर्सेज में भी नहीं मिलता। सोया चंक्स या सोया की सब्जी मसल बिल्डिंग के लिए बेहतरीन ऑप्शन है।

shristi S

Share
Published by
shristi S

Recent Posts

The LaLiT’s Role in Restoring Srinagar’s Pride: From Royal Residence to Cultural Bridge

Mumbai (Maharashtra) [India], May 13: True hospitality goes beyond offering comfort; it also plays an…

15 minutes ago

Sparx launches the unique Shoe-Style Sandals Under ‘Summer Swag’ Campaign

New Delhi [India], May 12: Sparx, one of India’s most popular athleisure footwear brands among…

26 minutes ago